प्रिय पाठकों, इस ब्लॉग में आपका आत्मीय अभिनंदन है। इसमें प्रकाशित सभी रचनाएं मेरी स्वरचित साहित्य साधना हैं। मेरी रचनाओं के प्रति आपका प्रेम मुझे सदैव प्रेरित करता है।
अगस्त 27, 2026
आया रे आया रे आया सावन
झूमे रे झूमे रे झूमे चितवन
गाया रे गाया रे गाया सावन
नाचे रे नाचे रे नाचे चितवन
आया रे आया रे आया सावन
आया रे आया रे आया सावन
सावन की रिमझिम–रिमझिम झड़ियाँ
चमकती गरजती दीवानी बिजलियाँ
छम–छम करतीं नाचतीं बूँदे
होकर मतवाली करतीं अटखेलियाँ
और अल्हड़ बादलों की मस्तियाँ
दिल को चुरातीं बनकर लूभावन
(दिल में चंचल हलचल करती
उनकी यादों की अटखेलियाँ)
आया रे आया रे आया सावन
झूमे रे झूमे रे झूमे चितवन
गाया रे गाया रे गाया सावन
नाचे रे नाचे रे नाचे चितवन
आया रे आया रे आया सावन
घाटी, खेती, चोटी, पहाड़ियाँ
हरियर–हरियर ओढ़े हैं चुनरियाँ
बहती जाती हैं कल–कल नदियाँ
बजतीं हो जैसी घुंघरू–पैजनियाँ
और झरने जैसे मोती की लड़ियाँ
हर लेती हैं मन को बनकर मनभावन
आया रे आया रे आया सावन
झूमे रे झूमे रे झूमे चितवन
गाया रे गाया रे गाया सावन
नाचे रे नाचे रे नाचे चितवन
आया रे आया रे आया सावन
हरी–हरी कांच की चूड़ियाँ
पहनकर खनकाती कोई सजनिया
सावन के झूले झुलातीं सहेलियाँ
गुनगुना रहीं राग मल्हार–ददरिया
और सावन का उत्सव गलियाँ–गलियाँ
दिल को छू लेती हैं संगीत सुहावन
आया रे आया रे आया सावन
झूमे रे झूमे रे झूमे चितवन
गाया रे गाया रे गाया सावन
नाचे रे नाचे रे नाचे चितवन
आया रे आया रे आया सावन
सावन में रस्ता निहारे भईया
पूनम के दिन संग–संग चंदईया
इंतजार की घड़ियाँ काट रहीं कलाईयाँ
चौक–चौराहों में सजी राखियाँ
और बाबुल के घर आईं बेटियाँ
रक्षाबंधन लागे है पतित पावन
आया रे आया रे आया सावन
झूमे रे झूमे रे झूमे चितवन
गाया रे गाया रे गाया सावन
नाचे रे नाचे रे नाचे चितवन
आया रे आया रे आया सावन
भक्तों की टोली शिव की नगरिया
नंगे पांव चली शिव की डगरिया
ऊंचे–नीचे रास्ते कंकड़–पथरिया
बादलों से ठंडक बरसाये गंगा मईया
और भोले की मस्ती में कांवड़िया
बोल–बम भाता है शिव का मन
आया रे आया रे आया सावन
झूमे रे झूमे रे झूमे चितवन
गाया रे गाया रे गाया सावन
नाचे रे नाचे रे नाचे चितवन
आया रे आया रे आया सावन
बहती पूरब से पवन पुरवईया
उड़ती खेलती चहकती सोन चिरैया
मानसूनी मस्ती में मस्तानी गौरैया
आकाश में इंद्रधनुष की रंगनिया
और फिजाओं में हर्षा तरंगिणियां
मौसम की छवि अति मनमोहन
आया रे आया रे आया सावन
झूमे रे झूमे रे झूमे चितवन
गाया रे गाया रे गाया सावन
नाचे रे नाचे रे नाचे चितवन
आया रे आया रे आया सावन
आया रे आया रे आया सावन
गाया रे गाया रे गाया सावन
झूमे रे झूमे रे झूमे चितवन
नाचे रे नाचे रे नाचे चितवन
गीतकार :– दाता राम नायक "DR"
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